हत्या के प्रयास और बमबाजी के आरोपियों को पुलिस ने पहुंचाया सलाखों के पीछे
खौफ का साम्राज्य खत्म! रांझी के दो बदमाशों पर NSA की सबसे बड़ी कार्रवाई

जबलपुर के रांझी थाना क्षेत्र में वर्षों से दहशत का पर्याय बने दो आदतन अपराधियों पर आखिरकार कानून का सबसे बड़ा शिकंजा कस गया है। हत्या, हत्या के प्रयास, अवैध वसूली, बमबाजी और हथियारबाजी जैसी संगीन वारदातों में शामिल बदमाशों के खिलाफ पुलिस ने राष्ट्रीय सुरक्षा कानून यानी एनएसए के तहत कार्रवाई की है। इस कार्रवाई को अपराधियों के खिलाफ बड़ी और निर्णायक कार्रवाई माना जा रहा है।
रांझी पुलिस ने पुलिस कप्तान संपत उपाध्याय के निर्देश पर सुभाष नगर निवासी शुभम मिश्रा और रक्षा नगर कॉलोनी निवासी अमन केवट के खिलाफ एनएसए का प्रतिवेदन तैयार कर जिला प्रशासन को भेजा था। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक शुभम मिश्रा पर हत्या, हत्या के प्रयास, बमबाजी, अवैध वसूली, मारपीट और आर्म्स एक्ट समेत करीब 45 आपराधिक मामले दर्ज हैं। वहीं अमन केवट भी कई गंभीर अपराधों में शामिल रहा है।
पुलिस का कहना है कि दोनों बदमाशों की दहशत इतनी थी कि कई मामलों में गवाह सामने आने से डरते थे। क्षेत्र में लगातार बढ़ रहे अपराध और लोगों में भय के माहौल को देखते हुए पुलिस ने दोनों अपराधियों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत कार्रवाई की अनुशंसा की थी।
पुलिस के प्रतिवेदन पर विचार करने के बाद जिला कलेक्टर ने दोनों आरोपियों के खिलाफ एनएसए वारंट जारी किया। आदेश मिलते ही पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दोनों बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया। अब उन्हें जेल भेजने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है
पुलिस अधिकारियों का मानना है कि एनएसए जैसी सख्त कार्रवाई से न केवल अपराधियों के हौसले पस्त होंगे बल्कि क्षेत्र में कानून का राज भी मजबूत होगा। लंबे समय से लोगों में दहशत पैदा करने वाले इन अपराधियों के खिलाफ हुई कार्रवाई से स्थानीय नागरिकों ने भी राहत की सांस ली है।
रांझी में अपराध के दम पर खौफ का साम्राज्य खड़ा करने वाले बदमाशों पर अब कानून की सबसे बड़ी चोट पड़ी है। पुलिस का साफ संदेश है कि जो भी कानून व्यवस्था को चुनौती देगा, उसके खिलाफ इसी तरह की कठोर कार्रवाई की जाएगी।
दहशत फैलाने वालों पर कानून का प्रहार
अपराधियों को सबक, जनता को राहत



