जबलपुर पुलिस का सख्त एक्शन: असामाजिक तत्वों और ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों पर बड़ी कार्रवाई
जबलपुर पुलिस का सख्त एक्शन: असामाजिक तत्वों और ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों पर बड़ी कार्रवाई

जबलपुर में कानून व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पुलिस प्रशासन लगातार सख्ती बरत रहा है। पुलिस अधीक्षक सम्पत उपाध्याय के निर्देश पर शहर में असामाजिक तत्वों, अवैध कारोबार में लिप्त आरोपियों और यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ व्यापक अभियान चलाया जा रहा है।
इस अभियान का उद्देश्य शहर में शांति व्यवस्था बनाए रखना और अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाना है।
पुलिस द्वारा जुआ-सट्टा संचालित करने वालों, अवैध मादक पदार्थों का व्यापार करने वालों, अवैध हथियार रखने वालों तथा अवैध शराब के कारोबार में लिप्त व्यक्तियों को चिन्हित कर उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जा रही है। साथ ही सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीने और पिलाने वालों पर भी नजर रखते हुए कार्रवाई की जा रही है।
इसके अलावा चोरी, नकबजनी, मारपीट और अन्य आपराधिक मामलों में फरार आरोपियों की धरपकड़ तेज कर दी गई है तथा लंबित वारंटों की तामीली भी सुनिश्चित की जा रही है।
वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में पुलिस टीमों द्वारा अलग-अलग समय पर चेकिंग पॉइंट लगाकर सघन जांच की जा रही है। यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ भी सख्त वैधानिक कार्रवाई की जा रही है, जिससे सड़क सुरक्षा को बेहतर बनाया जा सके।
पिछले 24 घंटे के दौरान पुलिस ने आदतन अपराध करने वाले 27 आरोपियों पर कार्रवाई की, वहीं 59 व्यक्तियों के खिलाफ शांति भंग की आशंका में प्रकरण दर्ज किए गए। इसके अतिरिक्त 11 लोगों पर प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई। लंबे समय से फरार चल रहे 2 गैरम्यादी और 17 म्यादी वारंटियों को गिरफ्तार किया गया, जबकि 46 जमानती वारंट तामील किए गए।
अवैध शराब के खिलाफ भी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 23 आरोपियों को गिरफ्तार किया और उनके पास से 98 पाव देशी व अंग्रेजी शराब तथा 37 लीटर कच्ची शराब जब्त की। वहीं आर्म्स एक्ट के तहत 4 आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 1 बका और 3 चाकू बरामद किए गए।
यातायात नियमों के उल्लंघन पर भी पुलिस ने सख्ती दिखाई और 311 वाहन चालकों पर कार्रवाई करते हुए कुल 1 लाख 17 हजार 800 रुपये का समन शुल्क वसूला।
पुलिस प्रशासन का कहना है कि इस तरह के अभियान आगे भी लगातार जारी रहेंगे, ताकि शहर में अपराधियों के हौसले पस्त हों और आम जनता को सुरक्षित वातावरण मिल सके।


